आरजी कर अस्पताल घोटाला: CBI ने TMC विधायक अतीन घोष से की लंबी पूछताछ

CBI ने TMC विधायक अतीन घोष से आरजी कर अस्पताल घोटाले में पूछताछ की।

Published · By Tarun · Category: Politics & Government
आरजी कर अस्पताल घोटाला: CBI ने TMC विधायक अतीन घोष से की लंबी पूछताछ
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केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने शुक्रवार, 29 अगस्त 2025 को तृणमूल कांग्रेस (TMC) के विधायक अतीन घोष से कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में कथित वित्तीय अनियमितताओं के मामले में पूछताछ की। सीबीआई की एक टीम उत्तरी कोलकाता स्थित उनके आवास पर पहुंची और घंटों तक उनसे सवाल-जवाब किए। अतीन घोष कोलकाता नगर निगम के उप महापौर भी हैं।

जांच का मामला

यह मामला आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में हुए करोड़ों रुपये के भ्रष्टाचार से जुड़ा है। सीबीआई इस मामले की जांच पिछले साल अस्पताल परिसर में एक स्नातकोत्तर इंटर्न के बलात्कार और हत्या की जांच के साथ कर रही है। अधिकारियों ने बताया कि यह भ्रष्टाचार और 'सिंडिकेट राज' कथित तौर पर अस्पताल के पेशेंट वेलफेयर बोर्ड के इशारे पर चल रहा था।

अतीन घोष के घर CBI टीम

लगभग 2:15 बजे, सीबीआई के तीन अधिकारियों की एक टीम सशस्त्र केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के साथ श्यामबाजार, एपीसी रोड स्थित अतीन घोष के आवास 'एपीसी अवासन' पहुंची। अधिकारियों को अपने साथ मामले से जुड़ी फाइलें ले जाते देखा गया। खबर लिखे जाने तक पूछताछ जारी थी।

पहले हुई गिरफ्तारियां

सीबीआई ने इस मामले में कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष सहित पांच आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया है, जो फिलहाल जेल में हैं। ये गिरफ्तारियां पिछले साल 9 अगस्त को जूनियर डॉक्टर के साथ हुए जघन्य बलात्कार और हत्या के बाद की गई थीं। इसके बाद ही अस्पताल में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार की शिकायतें सामने आईं थीं।

शिकायतकर्ता के आरोप

मेडिकल कॉलेज के पूर्व डिप्टी सुपरिंटेंडेंट अख्तर अली ने शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि अस्पताल के अधिकारी शवों और बायोमेडिकल कचरे की तस्करी, रिश्वतखोरी और बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताओं में शामिल थे। इन अनियमितताओं में फर्जी वर्क ऑर्डर और निविदाओं को दरकिनार कर भाई-भतीजावाद के माध्यम से काम करवाना भी शामिल था।

अतीन घोष का नाम क्यों आया?

जांच सूत्रों ने पुष्टि की है कि अतीन घोष से पूछताछ इसलिए की जा रही है क्योंकि जांच के दौरान उनका नाम सामने आया था। एक अधिकारी ने बताया कि अतीन घोष अपनी स्थानीय काशीपुर-बेलगछिया निर्वाचन क्षेत्र के विधायक होने के नाते आरजी कर पेशेंट वेलफेयर बोर्ड के पदेन सदस्य (ex officio member) थे।

अदालत में चार्जशीट और आरोप

पिछले साल 29 अगस्त को, सीबीआई ने आरजी कर अस्पताल के वित्तीय भ्रष्टाचार मामले में अलीपुर कोर्ट में अपनी प्रारंभिक चार्जशीट दाखिल की थी, जिसमें अतीन घोष सहित पांच लोगों को नामजद किया गया था। इस साल जुलाई में, अदालत में सभी पांचों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की कई धाराओं के तहत आरोप तय किए गए थे।

अन्य नेताओं से भी पूछताछ

एक हफ्ते पहले ही, सीबीआई ने उत्तरी कोलकाता के सिन्थी इलाके में टीएमसी के एक अन्य विधायक और डॉक्टर सुदीप्तो रॉय के आवास पर भी इसी वित्तीय अनियमितता मामले में तलाशी अभियान चलाया था। श्रीरामपुर के विधायक सुदीप्तो रॉय अपराध के समय आरजी कर अस्पताल के पेशेंट वेलफेयर बोर्ड के अध्यक्ष थे और पश्चिम बंगाल मेडिकल काउंसिल के अध्यक्ष भी हैं। सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय (ED) दोनों ने पहले भी इस मामले में सुदीप्तो रॉय के घर पर कई बार छापेमारी की है।

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